बिहार में वैज्ञानिक गन्ना खेती को बढ़ावा देने के लिए शुरू हुआ ‘गन्ना रथ’ अभियान

बिहार सरकार ने राज्य में आधुनिक और वैज्ञानिक गन्ना खेती को बढ़ावा देने के लिए “गन्ना रथ” अभियान का शंखनाद किया है। इस महत्वाकांक्षी पहल का मुख्य उद्देश्य राज्य के गन्ना किसानों तक सीधे तकनीकी मार्गदर्शन और कृषि परामर्श सेवाएं पहुँचाना है। सरकार का लक्ष्य है कि इस अभियान के जरिए न केवल गन्ने की उत्पादकता बढ़ाई जाए, बल्कि इसके खेती के रकबे का भी विस्तार किया जा सके ताकि चीनी उद्योग को नई मजबूती मिले।

गन्ना उद्योग मंत्री संजय कुमार ने इस अभियान के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए अधिकारियों को कड़े निर्देश जारी किए हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि प्रमाणित और उच्च गुणवत्ता वाले बीजों की समय पर उपलब्धता सुनिश्चित करना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में से एक है। इस अभियान के तहत विशेष रूप से तैयार किए गए “गन्ना रथ”वाहन हर गांव का दौरा करेंगे।

ये वाहन किसानों को वैज्ञानिक खेती की पद्धतियों, अधिक उपज देने वाली किस्मों और आधुनिक तकनीकों के बारे में विस्तार से जागरूक करेंगे। इस कार्यक्रम का विशेष ध्यान उन पंचायतों पर केंद्रित रहेगा जहाँ नई चीनी मिलें स्थापित करने का प्रस्ताव है। सरकार का विजन छोटे और सीमांत किसानों को आधुनिक कृषि मशीनरी से लैस करना है।

इसके लिए राज्य सरकार कस्टम हायरिंग सेंटर और कृषि उद्यमी मशीनरी बैंकों को मजबूत करने की दिशा में काम कर रही है। इससे उन किसानों को लाभ होगा जो महंगी मशीनें खरीदने में असमर्थ हैं, जिससे वे अब किराए पर आधुनिक उपकरणों का उपयोग कर सकेंगे। वित्तीय सहायता के मोर्चे पर भी सरकार ने बड़े प्रावधान किए हैं।

गन्ना यंत्रीकरण योजना के तहत किसानों को कृषि उपकरणों की खरीद पर 50 से 70 प्रतिशत तक की भारी सब्सिडी दी जा रही है। वहीं, कस्टम हायरिंग सेंटर के माध्यम से मिलने वाली मशीनरी पर भी सरकार 70 प्रतिशत तक का अनुदान देगी। यह पहल किसानों की खेती की लागत को कम करने और उनके काम को आसान बनाने में क्रांतिकारी साबित होगी।

बीज प्रबंधन को लेकर भी मुख्यमंत्री गन्ना विकास योजना के तहत किसानों को बड़ी राहत दी गई है। उन्नत बीज आपूर्ति के लिए किसानों को 470 रुपये प्रति क्विंटल की वित्तीय सहायता सीधे प्रदान की जाएगी। इसके अतिरिक्त, गन्ना बीजों के वितरण को सुलभ बनाने के लिए परिवहन सब्सिडी की सुविधा भी दी जाएगी। बिहार सरकार की यह एकीकृत योजना न केवल गन्ना उत्पादन में रिकॉर्ड वृद्धि करेगी, बल्कि किसानों की आय में भी उल्लेखनीय इजाफा करने का सामर्थ्य रखती है।

निष्कर्ष: बिहार सरकार द्वारा शुरू किया गया ‘गन्ना रथ’ अभियान राज्य में गन्ना उत्पादन और चीनी उद्योग को आधुनिक व वैज्ञानिक पद्धतियों के जरिए एक नई दिशा देने का एक सराहनीय और दूरदर्शी प्रयास है। यह अभियान न केवल किसानों तक उच्च गुणवत्ता वाले बीज, आधुनिक कृषि मशीनरी और वैज्ञानिक परामर्श की सीधी पहुँच सुनिश्चित करता है, बल्कि वित्तीय मोर्चे पर 50 से 70 प्रतिशत तक की भारी सब्सिडी और 470 रुपये प्रति क्विंटल की बीज सहायता देकर खेती की लागत को भी काफी कम करता है।

कस्टम हायरिंग सेंटर्स के माध्यम से छोटे और सीमांत किसानों को आधुनिक तकनीकों से जोड़कर और प्रस्तावित चीनी मिलों वाले क्षेत्रों पर विशेष ध्यान केंद्रित करके, यह एकीकृत योजना बिहार के गन्ना किसानों की आय को बढ़ाने, उत्पादन में रिकॉर्ड वृद्धि करने और राज्य के कृषि-व्यवसाय ढांचे को सशक्त बनाने में एक गेम-चेंजर साबित होगी।

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