पंजाब में वर्ष 2026-27 सीजन के दौरान गन्ने का रकबा बढ़कर 1,16,131 हेक्टेयर पहुंच गया है, जो पिछले वर्ष 1,11,818 हेक्टेयर था। राज्य के कृषि मंत्री गुरमीत सिंह खुड्डियां के अनुसार, अनुकूल मौसम रहने पर राज्य में लगभग 700 लाख क्विंटल गन्ना उत्पादन का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
जिलों में प्रदर्शन प्लॉट हेतु ₹3,200 प्रति एकड़ प्रोत्साहन राशि
कुल गन्ने के क्षेत्रफल में 51,174 हेक्टेयर वसंतकालीन, 47,295 हेक्टेयर पेड़ी फसल और 17,662 हेक्टेयर शरदकालीन फसल शामिल है। सरकार गन्ने की उत्पादकता व चीनी रिकवरी बढ़ाने और उत्पादन लागत घटाने के उद्देश्य से 12 जिलों में प्रदर्शन प्लॉट हेतु किसानों को 3,200 रुपय प्रति एकड़ प्रोत्साहन राशि प्रदान कर रही है। इन प्लॉटों में नाली विधि से रोपाई, चौड़ी कतार दूरी, अंतरवर्तीय खेती, मल्चिंग और वैज्ञानिक पेड़ी प्रबंधन का प्रदर्शन किया जाएगा।
गन्ना कटाई व रोपण यंत्रों पर 40% सब्सिडी: श्रम लागत में आएगी कमी
श्रमिकों की कमी की समस्या को हल करने के लिए सरकार गन्ना कटाई मशीनों, रोपण यंत्रों, छोटे ट्रैक्टरों और पेड़ी प्रबंधन यंत्रों पर 40 प्रतिशत सब्सिडी दे रही है। इस मशीनीकरण से बुवाई और कटाई के दौरान श्रम पर निर्भरता कम होगी, जिससे किसानों की परिचालन लागत में कमी आएगी।
PAU और चीनी मिलों का संयुक्त अभियान
इसके अतिरिक्त, पंजाब कृषि विश्वविद्यालय, कृषि विभाग और चीनी मिलों द्वारा संयुक्त रूप से किसानों के लिए जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। 14 वेबिनार के माध्यम से करीब 1,100 किसानों तथा 320 प्रशिक्षण शिविरों के जरिए 15,000 से अधिक किसानों तक पहुंच बनाकर उन्हें संतुलित उर्वरक उपयोग, रोगमुक्त किस्मों और समेकित कीट प्रबंधन का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया गया है।
निष्कर्ष: पंजाब में गन्ने के रकबे में वृद्धि और 700 लाख क्विंटल उत्पादन का लक्ष्य यह दर्शाता है कि राज्य में फसल विविधीकरण (Crop Diversification) को ज़मीनी स्तर पर गति मिल रही है। धान-गेहूं के पारंपरिक चक्र से हटकर गन्ने की ओर किसानों का रुझान भूजल संरक्षण और मिट्टी के स्वास्थ्य के लिहाज से बेहद सकारात्मक है।
₹3,200 प्रति एकड़ की प्रोत्साहन राशि और आधुनिक कृषि यंत्रों पर 40% की सब्सिडी से न केवल किसानों की लागत घटेगी, बल्कि चीनी रिकवरी में भी सुधार होगा। यदि राज्य सरकार समय पर मिलों से गन्ना भुगतान और पेराई सत्र का सुचारू संचालन सुनिश्चित करती है, तो यह पहल पंजाब के गन्ना किसानों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने में मील का पत्थर साबित होगी।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)
Q1. पंजाब में वर्ष 2026-27 के लिए कितना गन्ना उत्पादन लक्ष्य रखा गया है?
उत्तर: राज्य सरकार और कृषि विभाग ने चालू सीजन के दौरान अनुकूल मौसम रहने पर लगभग 700 लाख क्विंटल गन्ना उत्पादन का लक्ष्य तय किया है।
Q2. पंजाब में गन्ने के प्रदर्शन प्लॉट के लिए कितनी प्रोत्साहन राशि दी जा रही है?
उत्तर: 12 चुनिंदा जिलों में आधुनिक तकनीकों (जैसे ट्रेंच विधि और मल्चिंग) के प्रदर्शन प्लॉट लगाने वाले किसानों को ₹3,200 प्रति एकड़ की दर से प्रोत्साहन राशि दी जा रही है।
Q3. गन्ना कटाई और रोपण यंत्रों पर कितनी सब्सिडी मिल रही है?
उत्तर: पंजाब सरकार मजदूरों की कमी दूर करने के लिए गन्ना हार्वेस्टर, प्लांटर, छोटे ट्रैक्टर और पेड़ी प्रबंधन यंत्रों पर 40 प्रतिशत तक सब्सिडी प्रदान कर रही है।
Q4. पंजाब में कुल गन्ने के रकबे में पेड़ी फसल (Ratoon Crop) का कितना हिस्सा है?
उत्तर: कुल 1,16,131 हेक्टेयर रकबे में से 47,295 हेक्टेयर पर पेड़ी फसल और 51,174 हेक्टेयर पर वसंतकालीन फसल की खेती की गई है।
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