कृषि जागृति-Krishi Jagriti

Krishi Jagriti Chalo Gavan Kee Aur | Agri Care & Organic Farming | Agriculture & Farming

  • Home
  • कृषि जागृति
  • कृषि समाचार
  • पशुपालन
  • कृषि तकनीक
  • कृषि उपकरण
  • सरकारी योजनाएं
  • कृषि जागृति संदेश
  • गैलवे कृषम फार्मिंग

रिजर्व बैंक ने दी किसानों के लिए ब्याज सहायता योजना जारी रखने की ये सलाह..!

20/01/2026 by krishijagriti5

भारतीय रिज़र्व बैंक ने वित्त वर्ष 2025-26 के लिए अल्पकालिक कृषि ऋणों पर संशोधित ब्याज सहायता योजना को जारी रखने की सलाह दी है। किसान क्रेडिट कार्ड इस योजना के केंद्र में है, जिसके माध्यम से देश के करोड़ों किसानों को खेती और सहायक गतिविधियों के लिए बेहद सस्ती दरों पर कार्यशील पूंजी मिलती रहेगी।

सरकार द्वारा अनुमोदित व्यवस्था के अनुसार, कृषि और उससे जुड़ी पशुपालन, डेयरी, मत्स्य पालन और मधुमक्खी पालन जैसी गतिविधियों के लिए 3 लाख तक का अल्पकालिक ऋण 7 प्रतिशत वार्षिक ब्याज पर उपलब्ध होगा, जिस पर ऋणदाता संस्थानों को 1.5 प्रतिशत की ब्याज सहायता दी जायेगी। जो किसान एक वर्ष के भीतर ऋण चुकाते हैं, उन्हें 3 प्रतिशत का अतिरिक्त शीघ्र भुगतान प्रोत्साहन मिलेगा, जिससे प्रभावी ब्याज दर घटकर 4 प्रतिशत रह जाएगी। हालांकि, एक वर्ष के बाद चुकाए गए ऋणों पर यह प्रोत्साहन लागू नहीं होगा।

प्रति किसान वार्षिक ब्याज सहायता की अधिकतम सीमा 3 लाख तय की गई है, जबकि केवल सहायक गतिविधियों के लिए यह उप-सीमा 2 लाख रहेगी। प्राथमिकता फसल ऋण को दी जाएगी और शेष सीमा सहायक क्षेत्रों के लिए उपयोग की जा सकेगी। योजना में कटाई बाद की जरूरतों को भी शामिल किया गया है।

मान्यता प्राप्त गोदामों में उपज भंडारित करने वाले छोटे और सीमांत किसान परक्राम्य वेयरहाउस रसीदों के आधार पर कटाई के बाद 6 महीने तक ब्याज सहायता का लाभ ले सकेंगे, जिससे मजबूरी में बिक्री से बचाव होगा। आपदा प्रभावित क्षेत्रों में ऋणों के पुनर्गठन की स्थिति में, पहले वर्ष ब्याज सहायता लागू रहेगी। गंभीर आपदाओं में इसे 3 वर्ष तक बढ़ाया जा सकता है।

आरबीआई ने लाभ के लिए ई-केवाईसी, आधार सीडिंग और प्रमाणीकरण को अनिवार्य किया है। किसान एक से अधिक केसीसी रख सकते हैं, बशर्ते वार्षिक 3 लाख की सीमा न टूटे और प्रत्येक भूमि खंड के लिए एक ही केसीसी का उपयोग हो। बैंकों को निर्देश दिया गया है कि वे लाभार्थियों का सटीक डेटा ‘किसान ऋण पोर्टल’ पर दर्ज करें ताकि दावों का समय पर निपटान हो सके।

यह भी पढ़े: मधु पटेल ने वैश्विक पहचान बनाकर 3,000 महिलाओं को बनाया लखपति ..!

जागरूक रहिए व नुकसान से बचिए और अन्य लोगों के जागरूकता के लिए साझा करें एवं कृषि जागृति, स्वास्थ्य सामग्री, सरकारी योजनाएं, कृषि तकनीक, व्यवसायिक एवं जैविक खेती से संबंधित जानकारियां प्राप्त करने के लिए जुड़े कृषि जागृति चलो गांव की ओर से या कृषि संबंधित किसी भी समस्या के जैविक समाधान के लिए WhatsApp करें।

Filed Under: कृषि समाचार Tagged With: Farmers News, Interest Subsidy Scheme, Kisan Credit Card

WhatsApp कृषि जागृति चलो गांव की ओर

Latest Post

इथेनॉल सेक्टर में 2030 तक 45 प्रतिशत बढ़ेगी मांग, क्या भारत बनेगा ग्लोबल बायो-एनर्जी हब..!

इथेनॉल सेक्टर में 2030 तक 45 प्रतिशत बढ़ेगी मांग, क्या भारत बनेगा ग्लोबल बायो-एनर्जी हब..!

वैश्विक चीनी उत्पादन घटने के आसार और इंडोनेशिया के नए नियमों ने बढ़ाई टेंशन..!

वैश्विक चीनी उत्पादन घटने के आसार और इंडोनेशिया के नए नियमों ने बढ़ाई टेंशन..!

बजट में मखाना किसानों को क्या मिला..!

बजट में मखाना किसानों को क्या मिला..!

सरसों की फसल में लगने वाले माहू के प्रकोप को कैसे नियंत्रित करें..!

सरसों की फसल में लगने वाले माहू के प्रकोप को कैसे नियंत्रित करें..!

फरवरी में तापमान बढ़ने की आशंका ने इन रबी फसलों पर बढ़ाया दबाव..!

फरवरी में तापमान बढ़ने की आशंका ने इन रबी फसलों पर बढ़ाया दबाव..!

कृषि जागृति-Krishi Jagriti

कृषि जागृति-Krishi Jagriti का मुख्य उद्देश्य केवल जनोपयोग व जीवन सुधार हेतु स्वास्थ्य सामग्री, कृषि लेख, सरकारी योजनाएं, कृषि तकनीक, व्यवसायिक एवं जैविक खेती संबंधित जानकारियों का प्रसारण करना हैं। इसके अलावा किसी को अपनी जैविक उत्पाद या लेख प्रचार करवानी हैं, तो संपर्क कर सकते हैं। WhatsApp पर।

Follow Us

Recent Posts

  • इथेनॉल सेक्टर में 2030 तक 45 प्रतिशत बढ़ेगी मांग, क्या भारत बनेगा ग्लोबल बायो-एनर्जी हब..!
  • वैश्विक चीनी उत्पादन घटने के आसार और इंडोनेशिया के नए नियमों ने बढ़ाई टेंशन..!
  • बजट में मखाना किसानों को क्या मिला..!
  • सरसों की फसल में लगने वाले माहू के प्रकोप को कैसे नियंत्रित करें..!
  • फरवरी में तापमान बढ़ने की आशंका ने इन रबी फसलों पर बढ़ाया दबाव..!

Search

Leran More

  • About Us
  • Contact Us
  • Privacy Policy
  • Terms And Conditions

Copyright © 2026 कृषि जागृति-Krishi Jagriti All Right Reserved