हाल ही में टमाटर की कीमतों में आई तेज बढ़ोतरी अब धीरे-धीरे कम होने के संकेत दे रही है। दिल्ली-एनसीआर में हिमाचल प्रदेश और हरियाणा से ताजा आवक बढ़ने के साथ ही बाजार में दबाव बना है। आज़ादपुर मंडी में थोक कीमतें 60 रुपय प्रति किलो से घटकर करीब 40 रुपय प्रति किलो तक आ गई हैं। इसका कारण आवक का बढ़कर 350 टन से अधिक होना बताया जा रहा है।
गुणवत्ता के आधार पर हिमाचल की प्रीमियम किस्में 40 से 50 रुपय प्रति किलो, जबकि हरियाणा का टमाटर 20 से 30 रुपय प्रति किलो के स्तर पर पहुंच गया है। हालांकि खुदरा बाजार में कीमतें अभी भी 50 से 80 रुपय प्रति किलो के बीच बनी हुई हैं, जो थोक स्तर पर आई गिरावट का उपभोक्ताओं तक पहुंचने में समय लगने को दर्शाता है।
अधिकारियों के अनुसार हालिया तेजी अस्थायी आपूर्ति कमी के कारण थी और जैसे-जैसे आवक बढ़ेगी, कीमतों में और नरमी आने की संभावना है। हालांकि कुछ शहरों में फिलहाल दरें ऊंची बनी रह सकती हैं। बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले 10 से 15 दिनों में कीमतें और भी स्थिर होंगी। हालांकि, खुदरा बाजारों तक इस गिरावट का पूरा असर पहुंचने में 2 से 3 दिन का समय लग सकता है। फिलहाल, आम आदमी के लिए यह राहत की बात है कि ‘लाल टमाटर’ अब उनकी थाली से दूर नहीं रहेगा।
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