• Home
  • पशुपालन
  • कृषि जागृति
  • कृषि समाचार
  • कृषि तकनीक
  • कृषि उपकरण
  • सरकारी योजनाएं
  • कृषि जागृति संदेश
  • गैलवे कृषम फार्मिंग

कृषि जागृति-Krishi Jagriti

Agri Care & Organic Farming | Agriculture & Farming

Home » आलू-प्याज की कीमतें 50% गिरी, टमाटर के दाम देख फटी रह जाएंगी आंखें

आलू-प्याज की कीमतें 50% गिरी, टमाटर के दाम देख फटी रह जाएंगी आंखें

04/04/2026 by krishijagriti5

आलू-प्याज की कीमतें 50% गिरी, टमाटर के दाम देख फटी रह जाएंगी आंखें

जनवरी माह से सब्जियों की कीमतों में आई अचानक और तेज गिरावट ने किसानों की मुश्किलें बढ़ा दी है। इस गिरावट के पीछे मुख्य रूप से बंपर पैदावार, मंडियों में फसलों की पीक आवक और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कमजोर पड़ रही निर्यात मांग को जिम्मेदार माना जा रहा है।

प्रमुख कृषि मंडियों के आंकड़ों के अनुसार, आलू की कीमतों में लगभग 40 प्रतिशत की कमी आई है और दिल्ली की आजादपुर मंडी में यह 4 प्रति किलो के निचले स्तर पर पहुँच गया है। प्याज के हालात भी कुछ अलग नहीं हैं। लासलगांव मंडी में प्याज की कीमतें 50 प्रतिशत तक गिरकर 10 से 11 प्रति किलो रह गई हैं। टमाटर के मामले में तो स्थिति और भी चिंताजनक है। पिंपलगांव जैसी मंडियों में टमाटर के दाम 80 प्रतिशत तक गिरकर 7 रुपए प्रति किलो तक पहुँच गए हैं।

बाजार से जुड़े विशेषज्ञों ने बताया कि पश्चिम एशिया में जारी भू-राजनीतिक तनाव के कारण निर्यात प्रभावित होने से देश के भीतर प्याज की अतिरिक्त उपलब्धता ने कीमतों पर भारी दबाव बनाया है। साथ ही महाराष्ट्र, गुजरात, कर्नाटक और मध्य प्रदेश जैसे बड़े उत्पादक राज्यों में ‘ स्थानीय स्तर पर टमाटर की भरपूर पैदावार ने अंतर-राज्यीय मांग को लगभग समाप्त कर दिया है। इसके अलावा, एलपीजी की कमी के कारण होटल और रेस्टोरेंट सेक्टर से होने वाली मांग में भी भारी गिरावट आई है, जिसका सीधा असर टमाटर की कीमतों पर पड़ा है।

कीमतों में नरमी का यह रुझान केवल सब्जियों तक सीमित नहीं रहा है, बल्कि अनाज बाज़ार में भी इसका प्रभाव स्पष्ट दिख रहा है। पिछले कुछ समय में गेहूं के दामों में लगभग 10 प्रतिशत और चावल की कीमतों में 5 से 6 प्रतिशत तक की गिरावट दर्ज की गई है। हालांकि इस गिरावट ने सरकार को महंगाई नियंत्रित करने में बड़ी मदद दी है, लेकिन किसानों को अपनी मेहनत का वाजिब हक नहीं मिल पा रहा है।

यह भी पढ़े: अब मार्च 2027 तक हो सकेगा तूर और उड़द का शुल्क-मुक्त आयात

जागरूक रहिए व नुकसान से बचिए और अन्य लोगों के जागरूकता के लिए साझा करें एवं कृषि जागृति, स्वास्थ्य सामग्री, सरकारी योजनाएं, कृषि तकनीक, व्यवसायिक एवं जैविक खेती से संबंधित जानकारियां प्राप्त करने के लिए जुड़े कृषि जागृति चलो गांव की ओर से या कृषि संबंधित किसी भी समस्या के जैविक समाधान के लिए WhatsApp करें।

Filed Under: कृषि समाचार Tagged With: Export Disruption, LPG Shortage Impact, Vegetable Price Crash

WhatsApp व्हॉट्सऐप चैनल से जुड़ें..!

Latest Post

आलू-प्याज की कीमतें 50% गिरी, टमाटर के दाम देख फटी रह जाएंगी आंखें

आलू-प्याज की कीमतें 50% गिरी, टमाटर के दाम देख फटी रह जाएंगी आंखें

अब मार्च 2027 तक हो सकेगा तूर और उड़द का शुल्क-मुक्त आयात

अब मार्च 2027 तक हो सकेगा तूर और उड़द का शुल्क-मुक्त आयात

यूपी, हरियाणा और कर्नाटक में 11,698 करोड़ की एमएसपी खरीद को मंजूरी

यूपी, हरियाणा और कर्नाटक में 11,698 करोड़ की एमएसपी खरीद को मंजूरी

दलहन आयात में 35% गिरावट, घरेलू उत्पादन ने दिया सहारा

दलहन आयात में 35% गिरावट, घरेलू उत्पादन ने दिया सहारा

देश का सरसों उत्पादन 119 लाख टन रहने का अनुमान

देश का सरसों उत्पादन 119 लाख टन रहने का अनुमान

कृषि जागृति-Krishi Jagriti

कृषि जागृति-Krishi Jagriti का मुख्य उद्देश्य केवल किसानों के जीवन सुधार हेतु स्वास्थ्य सामग्री, कृषि लेख, सरकारी योजनाएं, कृषि तकनीक, व्यवसायिक एवं जैविक खेती संबंधित जानकारियों का प्रसारण करना हैं। इसके अलावा किसी को अपनी जैविक उत्पाद या लेख प्रचार करवानी हैं, तो संपर्क कर सकते हैं। WhatsApp पर।

Follow Us

Leran More

  • About Us
  • Contact Us
  • Disclaimer
  • Privacy Policy
  • Terms And Conditions

Search

Copyright © 2026 कृषि जागृति-Krishi Jagriti All Right Reserved