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इंडोनेशिया ने भारतीय मूंगफली पर से हटाई रोक..!

11/01/2026 by krishijagriti5

इंडोनेशिया ने भारत से मूंगफली के आयात पर लगाया गया निलंबन औपचारिक रूप से हटा लिया है, लेकिन इसके बावजूद भारतीय निर्यातकों में शिपमेंट को लेकर झिझक बनी हुई है। निर्यातकों का कहना है कि अनुमति बहाल होने के साथ ही इंडोनेशियाई अधिकारियों ने कई सख़्त और जोखिम बढ़ाने वाली शर्तें लागू कर दी हैं, जिससे कारोबार की व्यवहारिकता प्रभावित हो रही है।

निर्यातकों के अनुसार, पिछले महीने आयात की सैद्धांतिक मंजूरी तो दे दी गई, लेकिन इसके तहत प्रक्रियात्मक नियमों को और कठोर कर दिया गया है। इनमें सबसे अहम शर्त स्वीकृत निर्यातकों की सूची को घटाकर लगभग 75 तक सीमित करना है। इस कदम से न केवल प्रतिस्पर्धा सिमटी है, बल्कि कई अनुभवी शिपरों के लिए इंडोनेशियाई बाजार तक पहुंच भी कठिन हो गई है, जिससे निर्यातकों की दिलचस्पी कमजोर पड़ी है।

गौरतलब है कि इंडोनेशिया ने गुणवत्ता संबंधी चिंताओं, खासकर अफ्लाटॉक्सिन के उच्च स्तर का हवाला देते हुए 2 सितंबर 2025 से भारत से मूंगफली के आयात पर रोक लगा दी थी। भारतीय निर्यातकों का आरोप है कि इंडोनेशियाई अधिकारियों ने खेपों के वहां पहुंचने के लगभग तीन महीने बाद अफ्लाटॉक्सिन से जुड़ी समस्या की जानकारी दी, जिससे जांच प्रक्रिया और उसके निष्कर्षों पर सवाल खड़े हुए।

व्यापारियों का कहना है कि इस अवधि में मूंगफली का भंडारण किन परिस्थितियों में किया गया, इस बारे में कोई स्पष्ट विवरण साझा नहीं किया गया। इससे यह आशंका और गहरी हो गई है कि गुणवत्ता से जुड़े जोखिम निर्यातकों के नियंत्रण से बाहर के कारकों के कारण भी उत्पन्न हो सकते हैं। ऐसे में, अनुमति बहाल होने के बावजूद इंडोनेशिया को मूंगफली निर्यात को लेकर कारोबारी सतर्क रुख अपनाए हुए हैं।

इंडोनेशिया के इस कदम ने भारतीय कृषि निर्यात के लिए एक नया रास्ता खोल दिया है। हालांकि, यह हमारे निर्यातकों के लिए एक सबक भी है कि अंतरराष्ट्रीय मानकों और क्वालिटी के साथ कोई समझौता नहीं किया जा सकता। अगर हम क्वालिटी बनाए रखते हैं, तो भारत दुनिया का ‘पीनट बास्केट’ बनने की पूरी ताकत रखता है।

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