यूपी के किसानों के लिए ढैंचा बीज पर 50% सब्सिडी का ऐलान, जानें खरीफ 2026 की नई दरें

किसान भलीभांति जानते हैं कि लगातार रासायनिक खादों के इस्तेमाल से खेतों की मिट्टी अपनी प्राकृतिक ताकत और उपजाऊपन खोती जा रही है। जमीन को फिर से सेहतमंद बनाने और उसकी जान बचाने के लिए हरी खाद से बेहतर और कोई विकल्प नहीं है। धान जैसी मुख्य खरीफ फसल की बुवाई से पहले खेत में ढैंचा बोना हमारी मिट्टी के लिए किसी संजीवनी से कम नहीं है।

इसी जरूरत को समझते हुए, उत्तर प्रदेश कृषि निदेशालय की तरफ से खरीफ सीजन 2026 के लिए ढैंचा बीज की दरों का आधिकारिक आदेश जारी कर दिया गया है। 24 अप्रैल 2026 को जारी इस शासनादेश के अनुसार, हम किसानों के लिए ढैंचा के सत्यापित बीज की फुटकर बिक्री दर 15,500 रुपय प्रति क्विंटल तय की गई है।

हमारे लिए सबसे बड़ी राहत की बात यह है कि कृषि विभाग द्वारा इस वर्ष हरी खाद को बढ़ावा देने के लिए 45,000 क्विंटल ढैंचा बीज और 4 लाख मिनीकिट 50 प्रतिशत अनुदान यानी सब्सिडी पर देने की योजना बनाई गई है। एक किसान के नजरिए से देखा जाए तो यह हम सभी के लिए एक बहुत ही अच्छा अवसर है।

50 प्रतिशत सब्सिडी का सीधा मतलब है कि बीज खरीदने में हमारी लागत आधी हो जाएगी और बदले में खेत को भरपूर प्राकृतिक नाइट्रोजन और जैविक कार्बन मिलेगा। जब यह ढैंचा खेत में सड़कर हरी खाद बनेगा, तो आगे बोई जाने वाली धान या अन्य फसल में हमें यूरिया और डीएपी का खर्च भी काफी कम करना पड़ेगा, जिससे हमारी गाढ़ी कमाई बचेगी।

आप सभी किसान भाइयों से मेरा यही आग्रह है कि इस योजना का समय रहते पूरा लाभ उठाएं। सब्सिडी पर बीज प्राप्त करने के लिए अपने नजदीकी राजकीय कृषि बीज भंडार या ब्लॉक के कृषि अधिकारी से जल्द से जल्द संपर्क करें, क्योंकि स्टॉक अक्सर जल्दी खत्म हो जाता है। बारिश का मौसम आने और खरीफ की मुख्य बुवाई शुरू होने से पहले अपने खेतों में ढैंचा जरूर बोएं। जब हमारी मिट्टी की सेहत अच्छी रहेगी, तभी हमारी फसल शानदार होगी और हमारा भविष्य सुरक्षित रहेगा।

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